जलोदय जल अभियान के तहत चन्द्रावल नदी पुनरोद्धार का शुभारम्भ, भूमि पूजन कर शुरू हुआ कार्य
संदीप धुरिया अजरा न्यूज़ हमीरपुर— जलोदय जल अभियान के अन्तर्गत तहसील मौदहा के ग्राम पंचायत पढ़ौरी में चन्द्रावल नदी के पुनरोद्धार कार्य का भूमि पूजन कर शुभारम्भ किया गया। कार्यक्रम का शुभारम्भ मा. राज्यमंत्री, जलशक्ति विभाग, उत्तर प्रदेश एवं जनपद के प्रभारी मंत्री श्री रामकेश निषाद ने जनपद के जनप्रतिनिधियों की उपस्थिति में किया।
इस अवसर पर जिलाधिकारी श्री घनश्याम मीना ने मिशन जलोदय की कार्ययोजना पर विस्तार से प्रकाश डालते हुए बताया कि मा. मुख्यमंत्री के आह्वान पर ओडीओपी की तर्ज पर “एक जनपद–एक नदी” के पुनरोद्धार का निर्णय लिया गया है। उन्होंने बताया कि एक वर्ष पूर्व प्रारम्भ हुए मिशन जलोदय के अंतर्गत तालाबों, अमृत सरोवरों एवं अन्य जल स्रोतों के संरक्षण का व्यापक अभियान चलाया गया है। बीते एक वर्ष में 5000 से अधिक खेत तालाब खोदे गए हैं, जिससे खेतों का जलस्तर बढ़ा है। नवीन जियोलॉजिकल आंकड़ों के अनुसार जनपद के भूगर्भ जलस्तर में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है, जिसके परिणामस्वरूप चार विकास खण्ड क्रिटिकल श्रेणी से बाहर आ गए हैं। साथ ही कई फसलों का उत्पादन 1100 प्रतिशत तक बढ़ा है।
कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुए प्रभारी मंत्री श्री रामकेश निषाद ने कहा कि यह जनपद के लिए अत्यंत हर्ष का विषय है कि जीवनदायिनी चन्द्रावल नदी का पुनरोद्धार होने जा रहा है। उन्होंने बताया कि यह ऐतिहासिक नदी जनपद हमीरपुर में लगभग 68 किलोमीटर की यात्रा करती है। सरकार का संकल्प है कि प्रदेश की ऐतिहासिक और पौराणिक नदियों को पुनर्जीवित किया जाए। यह अभियान जनभागीदारी और सरकारी संकल्प का सशक्त उदाहरण है, जो निश्चित रूप से सफल होगा।
उन्होंने कहा कि भारत में नदियों और तालाबों का पौराणिक एवं सांस्कृतिक महत्व रहा है। बुन्देलखण्ड क्षेत्र में अनेक ऐतिहासिक स्थल नदियों और तालाबों के किनारे स्थित हैं, जिन्हें पर्यटन से जोड़े जाने की आवश्यकता है। कभी आस्था का केंद्र रही चन्द्रावल नदी आज विलुप्ति के कगार पर है, इसलिए इसका पुनरोद्धार समय की आवश्यकता है।
