यूजीसी व शंकराचार्य मामले में मंच ने सरकार को दी चेतावनी
यूजीसी व शंकराचार्य मामले में मंच ने सरकार को दी चेतावनी
यूजीसी व शंकराचार्य मामले में मंच ने सरकार को दी चेतावनी एम ज़र्रेयाब खान अज़रा न्यूज़ फतेहपुर — शहर के जीटी रोड स्थित ग्रे एंड कंपनी में ब्राह्मण चेतना मंच ने एक बैठक कर यूजीसी को देश के सवर्णों के विरुद्ध एक साजिश करार दिया। वहीं योगी सरकार द्वारा आदि शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद का घोर अपमान करने पर उन्हें ब्राह्मण विरोधी बताया। बैठक में मंच के अध्यक्ष संजय कुमार तिवारी ने कहा कि यूजीसी एक काला कानून है जिससे समाज में विभेद उत्पन्न होने के साथ सवर्ण समाज में हीन भावना उत्पन्न होगी जो उचित नहीं है। शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद का पक्ष रखते हुए उन्होंने कहा कि उनका अपमान सीधे तौर पर सनातन धर्म का अपमान है जिसे हिंदू समाज समय आने पर योगी जी को इसका जवाब देगा। मंच के संरक्षक राजेंद्र त्रिवेदी ने भी रोष व्यक्त करते हुए कहा कि योगी जी शायद इससे अनविज्ञ हैं कि सनातन धर्म में भगवान शिव सर्वाेपरि हैं और शंकराचार्य उनके प्रतिनिधि माने जाते है अर्थात उन्होंने सीधे तौर पर शिव का अपमान किया है जो कोई भी सनातनी बर्दाश्त नहीं कर पा रहा। उन्होंने यह भी कहा कि यूजीसी कानून भाजपा सरकार द्वारा समाज को बांटने हेतु चलाया गया। एक तीर है जो भविष्य में बहुत घातक सिद्ध होगा और वह इसके परिणाम के लिए तैयार रहे। मंच के प्रवक्ता ई. देवी प्रकाश दुबे ने भी शंकराचार्य मामले को लेकर योगी सरकार को एक पक्षपाती एवं गैर जिम्मेदाराना सरकार करार दिया। उन्होंने कहा कि जब अंत समय आता है तो व्यक्ति मदांध हो जाता है। वहीं स्थिति आज योगी जी की है।