लंबित प्रकरण तीन दिन में निस्तारित करें बैंक, मिलेगी नई रफ्तार – डीएम

    युवा उद्यमिता को मिलेगी नई रफ्तार, लंबित प्रकरण तीन दिन में निस्तारित करें बैंक – डीएम
युवा उद्यमिता योजनाओं में तेजी लाने के निर्देश, बैंकों को तीन दिन में लंबित प्रकरण निस्तारण का अल्टीमेटम
दीपक धुरिया अजरा न्यूज़ जालौन जनपद में स्वरोजगार योजनाओं की प्रगति को गति देने के उद्देश्य से कलेक्ट्रेट सभागार में जिलाधिकारी राजेश कुमार पाण्डेय की अध्यक्षता में मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान योजना एवं प्रधानमंत्री स्वनिधि योजना की समीक्षा बैठक आयोजित की गई।


बैठक में विभिन्न बैंकों की प्रगति की विस्तार से समीक्षा करते हुए जिलाधिकारी ने स्पष्ट कहा कि योजनाओं के क्रियान्वयन में किसी भी स्तर पर ढिलाई क्षम्य नहीं की जाएगी। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार द्वारा संचालित मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान योजना का उद्देश्य युवाओं को आत्मनिर्भर बनाना है। योजना के अंतर्गत पात्र युवाओं को 5 लाख रुपये तक की परियोजनाओं के लिए चार वर्षों तक शत-प्रतिशत ब्याज मुक्त ऋण तथा परियोजना लागत का 10 प्रतिशत अनुदान प्रदान किया जाता है।
जिलाधिकारी ने कहा कि यह योजना केवल कागजी लक्ष्य पूर्ति के लिए नहीं, बल्कि युवाओं के जीवन में वास्तविक परिवर्तन लाने के लिए संचालित की जा रही है। ऐसे में बैंक अपनी कार्यप्रणाली में सुधार लाते हुए लंबित प्रकरणों का निस्तारण तीन दिन के भीतर सुनिश्चित करें।
समीक्षा के दौरान पाया गया कि लक्ष्य के सापेक्ष प्रगति अपेक्षित स्तर तक नहीं पहुंच सकी है। उपायुक्त उद्योग द्वारा अवगत कराया गया कि निर्धारित लक्ष्य के मुकाबले स्वीकृति एवं वितरण की स्थिति संतोषजनक नहीं है तथा बड़ी संख्या में आवेदन अस्वीकृत एवं लंबित हैं। इस पर जिलाधिकारी ने नाराजगी व्यक्त करते हुए निर्देश दिए कि अस्वीकृत आवेदनों की पुनः समीक्षा कर पात्र अभ्यर्थियों को दोबारा अवसर दिया जाए।
विशेष रूप से भारतीय स्टेट बैंक तथा पंजाब नेशनल बैंक की धीमी प्रगति पर कड़ी आपत्ति दर्ज की गई। इसी प्रकार इंडियन बैंक और ग्रामीण बैंक ऑफ आर्यावर्त को भी लंबित मामलों में तेजी लाने के निर्देश दिए गए। जिलाधिकारी ने कहा कि योजनाओं का लाभ जरूरतमंद युवाओं और छोटे व्यापारियों तक समय से पहुंचे, यह सुनिश्चित करना बैंकिंग तंत्र की जिम्मेदारी है।
प्रधानमंत्री स्वनिधि योजना की समीक्षा के दौरान भी विभिन्न बैंकों में आवेदन एवं वितरण लंबित पाए गए। जिलाधिकारी ने स्पष्ट निर्देश दिए कि रेहड़ी-पटरी एवं सूक्ष्म व्यापारियों के हितों से जुड़ी इस योजना में अनावश्यक विलंब न किया जाए। सभी बैंक लंबित आवेदनों के परीक्षण एवं स्वीकृति की प्रक्रिया में पारदर्शिता और तत्परता बरतें।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी के.के. सिंह, वरिष्ठ कोषाधिकारी अवनीश सिंह, उपायुक्त उद्योग धर्मेंद्र कुमार भास्कर, एलडीएम अनुराग सक्सेना सहित विभिन्न बैंक प्रबंधक एवं संबंधित अधिकारी उपस्थित

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