बिखरते रिश्ते को मिला जीवन, पहल से फिर एक हुआ दंपति
बिखरते रिश्ते को मिला जीवन, पहल से फिर एक हुआ दंपति
बिखरते रिश्ते को मिला जीवन, पहल से फिर एक हुआ दंपति – परिवार परामर्श केंद्र की काउंसलिंग बनी रिश्तों की डोर
फोटो परिचय- काउंसलिंग करवातीं प्रभारी निरीक्षक व काउंसलर। मो. ज़र्रेयाब खान अज़रा न्यूज़ फतेहपुर। पारिवारिक कलह के कारण टूटने की कगार पर पहुंचा एक दांपत्य रिश्ता मंगलवार को फिर से जुड़ गया। पुलिस अधीक्षक अभिमन्यु मांगलिक के कुशल निर्देशन में पुलिस लाइन स्थित महिला सहायता प्रकोष्ठ एवं परिवार परामर्श केंद्र में हुई काउंसलिंग के बाद पति-पत्नी ने अपने वैचारिक मतभेद और आपसी मनमुटाव को भुलाकर दोबारा साथ रहने का निर्णय लिया।
परिवार परामर्श केंद्र में प्रभारी निरीक्षक संगीता सिंह और काउंसलर कविता रस्तोगी ने दोनों पक्षों की बात धैर्यपूर्वक सुनी और उन्हें रिश्ते की अहमियत समझाते हुए सकारात्मक संवाद कराया। लंबी काउंसलिंग के बाद दोनों ने सभी पुराने विवाद समाप्त कर वैवाहिक जीवन को नई शुरुआत देने पर सहमति जताई। समझौते के बाद दंपति खुशी-खुशी एक-दूसरे का साथ निभाने का संकल्प लेकर अपने घर रवाना हो गए। इस दौरान महिला आरक्षी अनीता मिश्रा भी काउंसलिंग प्रक्रिया में सहयोग के लिए मौजूद रहीं। पुलिस विभाग का कहना है कि परिवार परामर्श केंद्र का उद्देश्य टूटते परिवारों को बचाना, आपसी संवाद बढ़ाना और सामाजिक सौहार्द बनाए रखना है। केंद्र के माध्यम से लगातार ऐसे मामलों का शांतिपूर्ण समाधान कराया जा रहा है, जिससे कई परिवारों में फिर से खुशियां लौट रही हैं। ————————————— साइबर ठगी के शिकार युवक को मिली राहत – बिंदकी पुलिस ने वापस कराए 38 हजार रुपए मो. ज़र्रेयाब खान अज़रा न्यूज़ फतेहपुर। साइबर अपराध के बढ़ते मामलों के बीच बिंदकी कोतवाली पुलिस की साइबर टीम ने एक पीड़ित को बड़ी राहत दिलाते हुए साइबर ठगी के 38 हजार रुपये उसके खाते में वापस करा दिए। पुलिस की त्वरित कार्रवाई से पीड़ित ने राहत की सांस ली और पुलिस टीम का आभार जताया। पुलिस अधीक्षक अभिमन्यु मांगलिक के निर्देशन, अपर पुलिस अधीक्षक के मार्गदर्शन व क्षेत्राधिकारी बिंदकी के पर्यवेक्षण में थाना बिंदकी साइबर टीम ने साइबर शिकायत संख्या 33109240110504 पर प्रभावी कार्रवाई की। जांच के दौरान टीम ने संबंधित बैंक एवं अन्य माध्यमों से समन्वय स्थापित कर साइबर ठगी का शिकार हुए मो. जुनैद पुत्र मो. सलीम निवासी मोहल्ला मुगलाही कस्बा एवं थाना बिंदकी के खाते में 38 हजार रुपये वापस करा दिए। पीड़ित ने पुलिस की तत्परता की सराहना करते हुए धन्यवाद ज्ञापित किया। पुलिस अधिकारियों ने लोगों से अपील की है कि किसी भी अनजान कॉल, लिंक या ओटीपी साझा करने से बचें और साइबर ठगी होने पर तत्काल 1930 हेल्पलाइन या राष्ट्रीय साइबर पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराएं, ताकि समय रहते धनराशि को सुरक्षित कराया जा सके। पुलिस टीम में उपनिरीक्षक नीरज कुमार मौर्या, कांस्टेबल धर्मेन्द्र लोधी एवं कांस्टेबल अजीत यादव शामिल रहे। ————————————— — थुरियानी में मौत बनकर झूल रही एचटी लाइन – गांव आकर खानापूर्ति कर लौट जाते विभागीय कर्मचारी मो. ज़र्रेयाब खान अज़रा न्यूज़ खागा, फतेहपुर। विजयीपुर ब्लॉक क्षेत्र के अंतर्गत थुरियानी गांव व थुरियानी चौराहे के आसपास बिजली विभाग की लापरवाही ने ग्रामीणों की नींद उड़ा दी है। यहां से गुजर रही 11000 वोल्ट की हाईटेंशन लाइन के तार इस कदर ढीले होकर लटक गए हैं कि वे अब सीधे मकानों की छतों और राहगीरों के सिर के ऊपर से गुजर रहे हैं। थोड़ी भी तेज हवा चलने पर ये तार आपस में टकराते हैं और आसमान में आतिशबाजी जैसी तेज चिंगारियां निकलने लगती हैं। तारों के टकराने से होने वाली भयानक आवाज और चिंगारियों को देखकर दिन में भी लोगों के रोंगटे खड़े हो जाते हैं। गांव के लोगों का कहना है कि न जाने कब कोई तार टूटकर नीचे गिरे और कोई अनहोनी हो जाए।
यह समस्या आज की नहीं है, पिछले कई महीनों से थुरियानी गांव के निवासी इस जानलेवा खतरे को झेल रहे हैं। स्थानीय निवासी बल्ला निषाद, रमन निषाद, शत्रुघ्न निषाद, जसवंत निषाद, कल्लू निषाद, मिल्लू निषाद, प्रेम निषाद, अर्जुन निषाद, मनोज कुमार और सुक्खू निषाद सहित बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने लाइनमैन से लेकर जेई और एसडीओ तक कई बार मौखिक और लिखित शिकायतें की हैं। हर बार विभाग के अधिकारियों ने सिर्फ जांच का आश्वासन दिया लेकिन धरातल पर कोई भी कर्मचारी तारों को कसने या ठीक करने नहीं आया। ग्रामीणों का आरोप है कि विभाग के लोग कभी-कभार गांव का दौरा करने आते हैं, फोटो खींचते हैं और कागजी खानापूर्ति करके वापस लौट जाते हैं। थुरियानी चौराहा क्षेत्र का एक व्यस्ततम स्थान है। यहां से रोजाना हजारों की संख्या में लोग, स्कूली बच्चे, किसान और वाहन गुजरते हैं। चौराहे के ठीक ऊपर से गुजर रहे ढीले तार किसी भी समय टूटकर गिर सकते हैं और बड़ा हादसा हो सकता है। ग्रामीणों का कहना है कि वे हर दिन दिल थामकर घर से निकलते हैं क्योंकि उन्हें नहीं पता कि कब उनके साथ कोई दुर्घटना घट जाए। ढीले तारों का असर सिर्फ सुरक्षा तक ही सीमित नहीं है। इसकी वजह से पूरे इलाके में लो-वोल्टेज की समस्या गहरा गई है। शाम होते ही घरों की बत्तियां झपकने लगती हैं और वोल्टेज इतना डाउन हो जाता है कि टीवी, फ्रिज, पंखे और मोटर जैसे महंगे उपकरण जलकर खराब हो रहे हैं। कई परिवारों को पहले ही हजारों रुपये का नुकसान उठाना पड़ चुका है। इसके साथ ही बिजली के पोलों के नीचे और तारों के आसपास गंदगी और झाड़ियां बढ़ गई हैं। विभाग द्वारा सफाई न कराए जाने से मच्छरों का प्रकोप बढ़ गया है और गांव में बुखार जैसी संक्रामक बीमारियों के फैलने का खतरा भी मंडराने लगा है। ग्रामीणों का गुस्सा अब चरम पर पहुंच चुका है। लोगों का कहना है कि अगर समय रहते इन खतरनाक तारों को दुरुस्त नहीं किया गया और कोई अप्रिय घटना हुई तो उसकी पूरी जिम्मेदारी बिजली विभाग के लापरवाह अधिकारियों की होगी। उन्होंने जिला प्रशासन और बिजली विभाग के उच्च अधिकारियों से मांग की है कि तुरंत एक तकनीकी टीम भेजकर थुरियानी गांव और चौराहे पर लगी 11000 वोल्ट की लाइन की जांच कराई जाए और सभी ढीले तारों को पूरी तरह से टाइट किया जाए। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो वे सभी एकजुट होकर कलेक्ट्रेट का घेराव करेंगे और उग्र प्रदर्शन करने के लिए मजबूर होंगे। फिलहाल पूरा थुरियानी गांव डर के साए में जी रहा है और हर कोई टकटकी लगाकर बिजली विभाग की कार्रवाई का इंतजार कर रहा है।