राष्ट्रीय ब्राह्मण महासंघ ने की आरक्षण व्यवस्था समीक्षा की मांग
– जाति आधारित आरक्षण समाप्त करने को राज्यपाल को भेजा ज्ञापन
फोटो परिचय- (5) कलेक्ट्रेट में ज्ञापन सौंपते राष्ट्रीय ब्राह्मण महासंघ के पदाधिकारी।
फतेहपुर। राष्ट्रीय ब्राह्मण महासंघ ने वर्तमान आरक्षण व्यवस्था की समीक्षा कर जाति आधारित आरक्षण समाप्त करने तथा आर्थिक एवं सामाजिक आधार पर जरूरतमंदों को अवसर दिए जाने की मांग की है। महासंघ की ओर से राज्यपाल को संबोधित ज्ञापन जिलाधिकारी के माध्यम से भेजा गया।

ज्ञापन में कहा गया कि संविधान प्रत्येक नागरिक को समानता, सम्मान और समान अवसर का अधिकार देता है। ऐसे में आरक्षण का आधार केवल जाति न होकर आर्थिक स्थिति, शिक्षा, सामाजिक पिछड़ापन और वास्तविक जरूरत को बनाया जाना चाहिए। महासंघ का कहना है कि वर्तमान जाति आधारित आरक्षण व्यवस्था को लेकर समाज के विभिन्न वर्गों में असंतोष की स्थिति है। वास्तविक रूप से वंचित और जरूरतमंद लोगों को सरकारी योजनाओं तथा अवसरों का लाभ मिलना चाहिए। महासंघ ने सरकार से आरक्षण व्यवस्था की व्यापक समीक्षा के लिए आयोग गठित करने, उसकी रिपोर्ट सार्वजनिक करने और सभी वर्गों के हितों को ध्यान में रखते हुए आवश्यक संवैधानिक एवं विधिक प्रक्रिया अपनाने की मांग की। साथ ही समान नागरिकता, समान अवसर और सामाजिक समरसता को मजबूत करने पर जोर दिया। इस मौके पर राष्ट्रीय अध्यक्ष अनिल त्रिपाठी, राष्ट्रीय महासचिव अंकित दीक्षित, राहुल मिश्रा, संजय मिश्रा, हर्ष अग्निहोत्री, श्रीचंद्र, अवनीश श्रीवास्तव, शिवमंगल मिश्रा, सोमेश्वर तिवारी, ललित द्विवेदी, धर्मेंद्र मिश्रा, महेश तिवारी, रोहित अग्निहोत्री, विकास अग्निहोत्री, अरविंद दीक्षित, यज्ञदत्त बाजपेई, शिवम पांडेय आदि मौजूद रहे।
