व्यापारियों को मिले पचास लाख का दुर्घटना बीमा, दस हजार मासिक पेंशन
व्यापारियों को मिले पचास लाख का दुर्घटना बीमा, दस हजार मासिक पेंशन
व्यापारियों को मिले पचास लाख का दुर्घटना बीमा
– दिवंगत परिवार को दस हजार मासिक पेंशन
फोटो परिचय- राज्यकर विभाग के डिप्टी कमिश्नर से वार्ता करते व्यापार मंडल के संस्थापक अध्यक्ष। एम ज़र्रेयाब खान अज़रा न्यूज फतेहपुर। व्यापारी वर्ग को सामाजिक सुरक्षा के दायरे में लाने के लिए उद्योग व्यापार मंडल उत्तर प्रदेश ने पहल तेज कर दी है। संगठन के संस्थापक अध्यक्ष किशन मेहरोत्रा ने राज्यकर विभाग के डिप्टी कमिश्नर अशोक कुमार से मुलाकात कर पंजीकृत व्यापारियों के हित में पेंशन योजना लागू किए जाने समेत कई महत्वपूर्ण मांगें उठाईं। उन्होंने कहा कि व्यापारियों को केवल राजस्व देने वाले वर्ग के रूप में नहीं, बल्कि उनके परिवार और भविष्य की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए सामाजिक सुरक्षा का लाभ भी मिलना चाहिए।
किशन मेहरोत्रा ने कहा कि राज्यकर विभाग में पंजीकृत व्यापारियों को वर्तमान में दस लाख रुपये का दुर्घटना बीमा उपलब्ध है, जिसे बढ़ाकर पचास लाख रुपये किया जाना जरूरी है। उन्होंने कहा कि दुर्घटना बीमा की राशि बढ़ने से लघु एवं सूक्ष्म स्तर पर रोजगार करने वाले अधिक से अधिक व्यापारी राज्यकर विभाग में पंजीकरण कराने के लिए प्रोत्साहित होंगे। इससे व्यापारियों को सुरक्षा मिलने के साथ ही सरकार के राजस्व में भी वृद्धि होगी। उन्होंने मांग रखी कि दुर्घटना में व्यापारी की मृत्यु होने पर उसके आश्रित परिवार को दस हजार रुपये प्रतिमाह पेंशन दिए जाने की व्यवस्था की जाए, ताकि परिवार के सामने आर्थिक संकट खड़ा न हो और बच्चों की शिक्षा समेत अन्य जरूरी खर्च प्रभावित न हों। उद्योग व्यापार मंडल जल्द ही मुख्यमंत्री के नाम मांग पत्र भेजकर राज्यकर विभाग में पंजीकृत व्यापारियों के लिए पचास लाख रुपये का दुर्घटना बीमा और दुर्घटना में दिवंगत व्यापारी के परिवार को दस हजार रुपये मासिक पेंशन दिए जाने की मांग करेगा। डिप्टी कमिश्नर राज्यकर अशोक कुमार ने व्यापारी संगठन की मांगों को गंभीरता से लेते हुए प्रस्ताव को उच्च अधिकारियों के समक्ष प्रस्तुत करने का आश्वासन दिया। संगठन ने कहा कि प्रदेश के शहरों, कस्बों और ग्रामीण क्षेत्रों में कारोबार करने वाले व्यापारियों के परिवारों का भविष्य सुरक्षित करने के लिए इन मांगों को शासन स्तर तक मजबूती से उठाया जाएगा।