Warning: opendir(/home/areomziw/azranews.in/wp-content/mu-plugins): Failed to open directory: Permission denied in /home/areomziw/azranews.in/wp-includes/load.php on line 981 राम मंदिर ट्रस्ट से लेकर सिद्धपीठ तांबेश्वर तक वित्तीय गड़बड़ी के आरोप - Azra News
राम मंदिर ट्रस्ट से लेकर सिद्धपीठ तांबेश्वर तक वित्तीय गड़बड़ी के आरोप
राम मंदिर ट्रस्ट से लेकर सिद्धपीठ तांबेश्वर तक वित्तीय गड़बड़ी के आरोप
राम मंदिर ट्रस्ट से लेकर सिद्धपीठ तांबेश्वर तक वित्तीय गड़बड़ी के आरोप – आरटीआई कार्यकर्ता ने खोला मोर्चा, शासन से की एसआईटी जांच की मांग एम ज़र्रेयाब खान अज़रा न्यूज़ फतेहपुर। जनपद के कटरा अब्दुलगनी (चौक बाजार) निवासी आरटीआई और सामाजिक कार्यकर्ता आचार्य विष्णु दत्त शुक्ल ने अयोध्या के श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट और फतेहपुर के ऐतिहासिक सिद्धपीठ श्री तांबेश्वर मंदिर, दोनों ही प्रतिष्ठित धार्मिक स्थलों के प्रबंधन पर वित्तीय अनियमितताओं और भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप लगाते हुए मोर्चा खोल दिया है। आचार्य शुक्ल ने इन मामलों में शासन-प्रशासन और संबंधित ट्रस्टों को पत्र भेजकर उच्च स्तरीय जांच की मांग की है, जिससे स्थानीय स्तर से लेकर धार्मिक हलकों तक हड़कंप मच गया है।
अयोध्या राम मंदिर ट्रस्ट के निर्माण समिति अध्यक्ष नृपेन्द्र मिश्र और अध्यक्ष पूज्य महंत नृत्य गोपाल दास जी महाराज को भेजे पत्र में आचार्य शुक्ल ने सूचना के अधिकार के तहत मिली जानकारियों का हवाला दिया है। उन्होंने मंदिर निर्माण कार्य में बड़े पैमाने पर कमीशनखोरी और सामग्री खरीद में तीन से चार गुना अधिक के फर्जी बिलों के भुगतान का गंभीर आरोप लगाया है। इसके साथ ही उन्होंने १५ ट्रस्ट सदस्यों में एक भी महिला सदस्य न होने पर रोष व्यक्त करते हुए राजनीतिक कटाक्ष किए हैं। पत्र में उन्होंने एक महत्वपूर्ण ऐतिहासिक मांग भी उठाई है कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के दादा गुरु महंत श्री दिग्विजय नाथ जी महाराज ने वर्ष 1945 में रामलला की मूर्ति स्थापित कर आंदोलन की बुनियाद रखी थी। उन्होंने पूर्व में फतेहपुर जनपद में 4 वर्षों तक फरारी (अज्ञातवास) की अवधि काटी थी। अतः उनकी स्मृति में राम मंदिर ट्रस्ट अपनी धनराशि से फतेहपुर में एक भव्य मंदिर का निर्माण कराए और वहां उनकी मूर्ति स्थापित करे। इस पत्र की प्रतिलिपि उन्होंने एसआईटी प्रमुख विजय विश्वास पन्त और जिलाधिकारी अयोध्या को भी प्रेषित की है। दूसरी तरफ, आचार्य विष्णु दत्त शुक्ल ने स्थानीय स्तर पर फतेहपुर के सर्वाधिक प्रसिद्ध धार्मिक स्थल सिद्धपीठ श्री तांबेश्वर मंदिर के प्रबंधन में भी लूट और भारी वित्तीय घोटाले का आरोप लगाते हुए जिला प्रशासन का दरवाजा खटखटाया है। जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक को सौंपे गए शिकायती पत्र में उन्होंने आरोप लगाया है कि मंदिर में रोजाना हजारों श्रद्धालुओं द्वारा चढ़ाए जाने वाले लाखों रुपये के चढ़ावे, दानपात्रों की चाबियों और रसीदों का कोई पारदर्शी रिकॉर्ड नहीं है।
इतना ही नहीं, स्टेट बैंक फतेहपुर में खुले तांबेश्वर ट्रस्ट के दो खातों में कोई धनराशि जमा नहीं की जा रही है। आचार्य शुक्ल ने पूर्व के प्रशासनिक आदेशों का हवाला देते हुए दावा किया कि पूर्व जिलाधिकारी रवींद्र सिंह के कार्यकाल के दौरान मंदिर के तत्कालीन सचिव अनिल रस्तोगी (पुत्र स्व० ओम प्रकाश रस्तोगी) को मंदिर के खाते में एक करोड़ रुपये की धनराशि जमा कराने का नोटिस दिया गया था, लेकिन वह रकम आज तक ट्रस्ट के खाते में जमा नहीं हुई। इसके अतिरिक्त, उन्होंने आरोप लगाया कि मंदिर के चढ़ावे के पैसे से कम्बा फतेहपुर उत्तरी में ढाई बीघे जमीन निजी तौर पर क्रय की गई, जिसकी फसल का मुनाफा मंदिर को नहीं मिल रहा है। उन्होंने श्री राधेश्याम गुप्त के कार्यकाल के दौरान मंदिर की कुल आय-व्यय की भी निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है। आस्था के इन बड़े केंद्रों में पारदर्शिता और जवाबदेही तय करने के लिए आरटीआई कार्यकर्ता द्वारा उठाए गए इन कदमों के बाद अब जिला प्रशासन की अगली कार्रवाई पर सबकी नजरें टिकी हुई हैं। ————————————- –
ओ लेवल व सीसीसी कंप्यूटर प्रशिक्षण के लिए दस तक करें आवेदन एम ज़र्रेयाब खान अज़रा न्यूज़ फतेहपुर। जिले के पिछड़े वर्ग के शिक्षित बेरोजगार युवक-युवतियों के लिए निःशुल्क कंप्यूटर प्रशिक्षण प्राप्त करने का सुनहरा अवसर है। जिला पिछड़ा वर्ग कल्याण अधिकारी ने बताया कि उत्तर प्रदेश शासन के निर्देशानुसार पिछड़े वर्ग के पात्र अभ्यर्थियों से ओ लेवल एवं सीसीसी कंप्यूटर प्रशिक्षण के लिए ऑनलाइन आवेदन आमंत्रित किए गए हैं।
उन्होंने बताया कि इच्छुक अभ्यर्थी 16 जून से 10 जुलाई तक विभाग की वेबसाइट पर ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। ओ लेवल कंप्यूटर प्रशिक्षण की अवधि एक वर्ष तथा सीसीसी प्रशिक्षण की अवधि तीन माह निर्धारित की गई है। प्रशिक्षण के लिए वही अभ्यर्थी पात्र होंगे जो पिछड़े वर्ग से संबंधित हों, इंटरमीडिएट या समकक्ष परीक्षा उत्तीर्ण, शिक्षित बेरोजगार हों, किसी अन्य शिक्षण संस्थान से छात्रवृत्ति प्राप्त न कर रहे हों, आयु 35 वर्ष से अधिक न हो तथा अभिभावकों की वार्षिक आय एक लाख रुपये तक हो। ऑनलाइन आवेदन करने के बाद अभ्यर्थियों को आवेदन पत्र का प्रिंट निकालकर उस पर पासपोर्ट आकार का फोटो चस्पा करते हुए हस्ताक्षर करना होगा। इसके साथ जाति प्रमाण पत्र, आय प्रमाण पत्र (ई-डिस्ट्रिक्ट/बोर्ड ऑफ रेवेन्यू से जारी), हाईस्कूल व इंटरमीडिएट की अंकतालिका एवं प्रमाण पत्र तथा आधार कार्ड की छायाप्रति संलग्न कर जिला पिछड़ा वर्ग कल्याण अधिकारी कार्यालय, विकास भवन, कक्ष संख्या 114 फतेहपुर में निर्धारित समय सीमा के भीतर जमा करना अनिवार्य होगा। जिला पिछड़ा वर्ग कल्याण अधिकारी ने स्पष्ट किया कि 10 जुलाई के बाद किसी भी प्रकार का आवेदन स्वीकार नहीं किया जाएगा। प्रशिक्षण से संबंधित विस्तृत दिशा-निर्देश एवं समय-सारिणी विभागीय वेबसाइट पर उपलब्ध है। इच्छुक अभ्यर्थियों से समय रहते आवेदन करने की अपील की गई है। ————————————— —
हज 2027 के लिए आवेदन शुरू, दो ई-सुविधा केंद्र बनाए – बीस जुलाई तक करें ऑनलाइन आवेदन एम ज़र्रेयाब खान अज़रा न्यूज़ फतेहपुर– हज 2027 की पवित्र यात्रा पर जाने के इच्छुक लोगों के लिए आवेदन प्रक्रिया शुरू हो गई है। जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी ने बताया कि हज कमेटी ऑफ इंडिया ने हज 2027 के लिए आधिकारिक कार्यक्रम जारी कर दिया है। इच्छुक आवेदक 22 जून से 20 जुलाई तक ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं।
उन्होंने बताया कि जनपद में हज यात्रा से संबंधित व्यापक प्रचार-प्रसार एवं आवेदकों की सहायता के लिए हज समिति सदस्य जावेद कमर खां को नामित किया गया है। आवेदक हज कमेटी ऑफ इंडिया की वेबसाइट तथा हज सुविधा मोबाइल एप के माध्यम से आवेदन कर सकते हैं। अधिकारी ने बताया कि जुलाई 2026 के अंतिम सप्ताह में डिजिटल रैंडम चयन (कुर्रा) की प्रक्रिया होगी। चयनित होने वाले प्रत्येक प्रोविजनल हज यात्री को 10 अगस्त तक 152300 रुपये की अग्रिम धनराशि जमा करनी होगी। चयन के बाद सीट निरस्त कराने पर हज 2027 की गाइडलाइन के अनुसार जमा राशि में कटौती की जाएगी। इसलिए आवेदन करने से पहले हज यात्रा के प्रति अपनी तैयारी और दृढ़ इच्छा सुनिश्चित कर लें। उन्होंने बताया कि आवेदन के लिए 20 जुलाई तक जारी मशीन पठित वैध अंतरराष्ट्रीय पासपोर्ट, जिसकी वैधता 31 दिसंबर 2027 तक हो, अनिवार्य है। इस बार सामान्य 40 दिवसीय हज यात्रा के साथ 20 दिवसीय लघु हज यात्रा का भी विकल्प दिया गया है, हालांकि इसके लिए सीमित सीटें और केवल आठ उड़ान केंद्र निर्धारित किए गए हैं। ऑनलाइन आवेदन करते समय पासपोर्ट आकार का नवीन फोटो, पासपोर्ट के प्रथम एवं अंतिम पृष्ठ की प्रति, पता प्रमाण, बैंक पासबुक अथवा निरस्त चेक अपलोड करना आवश्यक होगा। आवेदन पूरा होने के बाद उसका प्रिंटआउट लेकर उत्तर प्रदेश राज्य हज समिति, हज हाउस, सरोजनीनगर, लखनऊ में जमा कराना होगा। हज यात्रियों की सुविधा के लिए जनपद में मदरसा शमसुल उलूम, सनगांव तथा मदरसा मदीनतुल उलूम हथगाम में हज ई-सुविधा केंद्र स्थापित किए गए हैं, जहां निःशुल्क ऑनलाइन आवेदन की सुविधा उपलब्ध रहेगी। सहायता के लिए 9793217681 एवं 9889061602 पर संपर्क किया जा सकता है। जिला प्रशासन ने सभी इच्छुक आवेदकों से हज-2027 की नीति एवं दिशा-निर्देशों का अध्ययन कर पात्रता सुनिश्चित करने के बाद ही आवेदन करने की अपील की है।