24 घंटे से हो रही बरसात ने बढ़ाई अन्नदाताओं की चिंता, बिछी धान की फसल
24 घंटे से हो रही बरसात ने बढ़ाई अन्नदाताओं की चिंता, बिछी धान की फसल
तेज बारिश से खेत पर बिछी धान की फसल – 24 घंटे से हो रही बरसात ने बढ़ाई अन्नदाताओं की चिंता
– कई इलाकों से सामने आईं बर्बादी की तस्वीरें
फोटो परिचय- बारिश व तेज हवाओं के चलते खेत में बिछी धान की फसल। एम ज़र्रेयाब खान अज़रा न्यूज फतेहपुर। आसमान से लगातार बरसता पानी किसानों के लिए राहत के बजाय फिलहाल चिंता लेकर आया है। जिले में करीब 24 घंटे से रुक-रुककर हो रही तेज बारिश का सीधा असर खेतों पर दिखाई देने लगा है। कई इलाकों से ऐसी तस्वीरें सामने आई हैं, जहां खेत में खड़ी धान की फसल बारिश और तेज हवा के बीच जमीन पर बिछ गई है। महीनों की मेहनत को आंखों के सामने धराशाई देखकर किसानों के चेहरे पर मायूसी साफ नजर आ रही है।
धान की बालियों में दाना पड़ने के समय हुई लगातार बारिश ने किसानों की चिंता बढ़ा दी है। जिन खेतों में कुछ दिन पहले तक लहलहाती फसल दिखाई दे रही थी, वहां अब कई जगह धान के पौधे जमीन से लगे नजर आ रहे हैं। किसानों को आशंका है कि फसल के इस तरह गिरने से दाने की गुणवत्ता प्रभावित हो सकती है और कटाई के समय भी मुश्किल बढ़ेगी। खेत में खड़ी फसल को इस हालत में देखकर किसान नुकसान को लेकर चिंतित हैं। धान के साथ सब्जी की खेती करने वाले किसानों की मुश्किल भी बढ़ी है। खेतों में जलभराव के कारण गोभी समेत अन्य फसलों पर भी असर पड़ने की आशंका है। केला, गन्ना और हल्दी की खेती करने वाले किसान भी लगातार बारिश को लेकर परेशान हैं। किसानों के लिए फसल का गिरना केवल खेत में पौधों के झुकने तक सीमित नहीं है। इसके साथ महीनों की मेहनत, बीज, खाद, सिंचाई और मजदूरी पर खर्च की गई रकम भी जुड़ी है। ऐसे में लगातार बारिश ने तैयार हो रही फसल को लेकर किसानों की चिंता बढ़ा दी है। अब किसानों की नजर मौसम के मिजाज पर टिकी है। बारिश कब थमेगी और खेतों से पानी कब निकलेगा, यही सवाल अन्नदाताओं के सामने है। यदि बारिश का सिलसिला आगे भी जारी रहा तो खेतों में खड़ी और गिरी फसलों पर इसका असर और बढ़ सकता है।